पूर्व अग्निवीरों के लिए सरकारी नौकरी में बड़ा अवसर: CAPF, पुलिस और अन्य सेवाओं में 50% तक आरक्षण और छूट
अग्निपथ योजना भारतीय सेना में युवाओं को सेवा का अवसर प्रदान करने वाली एक महत्वपूर्ण पहल है। इस योजना के तहत चार साल का कार्यकाल पूरा करने वाले अग्निवीरों के भविष्य को सुरक्षित करने के लिए केंद्र और राज्य सरकारों ने कई बड़े कदम उठाए हैं। हाल ही में, केंद्र सरकार ने पूर्व अग्निवीरों के लिए केंद्रीय सशस्त्र पुलिस बलों (CAPFs) और असम राइफल्स में बड़े आरक्षण की घोषणा की है, जिसके साथ ही कई राज्यों ने भी अपनी पुलिस और सुरक्षा सेवाओं में विशेष लाभ प्रदान किए हैं। यह जानकारी अग्निवीरों के लिए रोजगार के नए द्वार खोल रही है और उनके करियर को एक नई दिशा दे रही है।
केंद्र सरकार की ओर से पूर्व अग्निवीरों को लाभ
केंद्रीय गृह मंत्रालय ने लोकसभा में घोषणा की है कि:
- पूर्व अग्निवीरों को केंद्रीय सशस्त्र पुलिस बलों (CAPFs) और असम राइफल्स में कॉन्स्टेबल (GD) और राइफलमैन (GD) के पदों पर 50% आरक्षण दिया जाएगा। यह उनके लिए एक बड़ा अवसर है।
- भर्ती प्रक्रिया में भी महत्वपूर्ण छूटें मिलेंगी। पूर्व अग्निवीरों को फिजिकल स्टैंडर्ड टेस्ट (PST) और फिजिकल एफिशिएंसी टेस्ट (PET) से छूट दी जाएगी, जिससे उनकी भर्ती प्रक्रिया काफी आसान हो जाएगी।
- गृह मंत्रालय ने पूर्व अग्निवीरों के रोजगार के अवसरों को बेहतर बनाने और विभिन्न सुरक्षा बलों में उनकी नियुक्ति के लिए समन्वय स्थापित करने हेतु ‘एक्स-अग्निवीर विंग’ की भी स्थापना की है। यह विंग अग्निवीरों के भविष्य को सुरक्षित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा।
- यह घोषणा अग्निपथ योजना के पहले बैच के कार्यकाल पूरा होने से पहले ही कर दी गई है, जो सरकार की दूरदर्शिता और अग्निवीरों के प्रति प्रतिबद्धता को दर्शाता है।
राज्यों में भी पूर्व अग्निवीरों को विशेष आरक्षण
केंद्र सरकार के साथ-साथ कई राज्य सरकारों ने भी अपनी पुलिस और अन्य सुरक्षा सेवाओं में पूर्व अग्निवीरों को विशेष लाभ देने की घोषणा की है, जिनमें प्रमुख हैं:
- हरियाणा: हरियाणा राज्य मंत्रिमंडल ने अपनी ‘अग्निवीर नीति’ को मंजूरी देते हुए राज्य सरकार के अंतर्गत विभिन्न सेवाओं में पूर्व अग्निवीरों के लिए आरक्षण 10% से बढ़ाकर 20% कर दिया है। इसमें विशेष रूप से फॉरेस्ट गार्ड (वन विभाग), वार्डर (जेल विभाग) और माइनिंग गार्ड (खनन विभाग) जैसे पद शामिल हैं।
- दिल्ली पुलिस: दिल्ली पुलिस में कॉन्स्टेबल के 20% पद पूर्व अग्निवीरों के लिए आरक्षित किए गए हैं। साथ ही, उन्हें शारीरिक दक्षता परीक्षा (PET) से भी छूट मिलेगी। उम्र सीमा में भी छूट दी गई है: सामान्यतः अधिकतम उम्र सीमा में 3 वर्ष की छूट और अग्निवीर योजना के पहले बैच के उम्मीदवारों को 5 वर्ष की अतिरिक्त छूट मिलेगी।
- उत्तराखंड और सिक्किम: इन दोनों राज्यों की सरकारों ने वर्दीधारी पदों में 10% क्षैतिज (Horizontal) आरक्षण लागू किया है। सिक्किम ने अपनी पुलिस भर्ती के लिए 20% आरक्षण की भी घोषणा की है, जो वहां के युवाओं के लिए एक बड़ा अवसर है।
- उत्तर प्रदेश: उत्तर प्रदेश में भी पूर्व अग्निवीरों के लिए UP पुलिस (सिविल पुलिस), होम गार्ड्स, अग्निशमन सेवाएं और जेल वार्डर भर्ती में 20% क्षैतिज आरक्षण रखा गया है। यहां भी सामान्य वर्ग के उम्मीदवारों के लिए ऊपरी आयु सीमा में 3 वर्ष की छूट और अग्निवीरों के पहले बैच के लिए 5 वर्ष की अतिरिक्त छूट का प्रावधान है।
निष्कर्ष
ये सभी कदम पूर्व अग्निवीरों के लिए एक सुरक्षित और सम्मानजनक भविष्य सुनिश्चित करने की दिशा में महत्वपूर्ण मील के पत्थर हैं। केंद्र और राज्य सरकारों की ये पहल न केवल अग्निवीरों को नई ऊंचाइयों तक पहुंचने में मदद करेगी, बल्कि देश की सुरक्षा सेवाओं को भी अनुभवी और अनुशासित युवाओं से सशक्त बनाएगी। यह दर्शाता है कि अग्निपथ योजना देश के युवाओं को सिर्फ सैन्य प्रशिक्षण ही नहीं, बल्कि उनके आगे के करियर के लिए भी एक मजबूत नींव प्रदान कर रही है। यह देश सेवा के बाद एक स्थिर और सम्मानित करियर बनाने का सुनहरा अवसर है।