अग्निवीर भर्ती: टैटू के नियम, तीनों सेनाओं की पॉलिसी और भविष्य के आरक्षण फायदे

भारतीय सेना में शामिल होना देश सेवा का एक गौरवपूर्ण अवसर है। ‘अग्निवीर’ योजना के तहत लाखों युवा हर साल इस सपने को पूरा करने का प्रयास करते हैं। लेकिन, क्या आप जानते हैं कि अग्निवीर भर्ती में टैटू को लेकर कुछ सख्त नियम हैं? अगर आपके शरीर पर टैटू है, तो यह जानना आपके लिए बेहद ज़रूरी है कि कौन से टैटू मान्य हैं और कौन से नहीं। इसके साथ ही, केंद्र और राज्य सरकारों द्वारा अग्निवीरों को दिए जा रहे विशेष आरक्षण और सुविधाओं की जानकारी भी आपके भविष्य के लिए महत्वपूर्ण है।

अग्निवीर भर्ती में टैटू के नियम क्या हैं?

सेना में शारीरिक दक्षता और अनुशासन का विशेष महत्व है। यही कारण है कि अग्निवीर भर्ती प्रक्रिया में उम्मीदवारों के पूरे शरीर की गहन जांच की जाती है, जिसमें टैटू की स्थिति भी शामिल है। भारतीय सेना ने टैटू पॉलिसी जारी की है, जिसमें स्पष्ट रूप से बताया गया है कि शरीर के किन हिस्सों पर टैटू बनवाया जा सकता है और किन पर नहीं।

  • यदि आपके शरीर पर ऐसे स्थान पर टैटू है जो सेना की नीति में प्रतिबंधित है, तो आपको अयोग्य घोषित किया जा सकता है।
  • हालांकि, कुछ विशेष मामलों में टैटू बनवाने की छूट दी गई है, लेकिन इसके लिए आपको आवश्यक प्रमाण पत्र (सर्टिफिकेट) जमा करने होंगे।

किन टैटू को मिलती है अनुमति?

भारतीय सेना, नौसेना और वायुसेना में कुछ खास तरह के टैटू को अनुमति दी जाती है:

जनजातीय समुदाय के टैटू

अगर आप किसी जनजातीय क्षेत्र या समुदाय से आते हैं और आपने अपने रीति-रिवाजों के अनुसार शरीर पर स्थायी टैटू बनवाए हैं, तो उन्हें अनुमति मिल सकती है।

  • इसके लिए आपको ‘सेल्फ सर्टिफिकेशन सर्टिफिकेट’ (Appendix E-I) और DC/DM/SDM द्वारा हस्ताक्षरित ‘ट्राइबल टैटू परमिशन सर्टिफिकेट’ (Appendix E-II) जमा करना होगा।

धार्मिक टैटू

जनजातीय समुदाय के अलावा, कुछ धार्मिक टैटू भी मान्य हैं, लेकिन वे शरीर के खास हिस्सों पर ही होने चाहिए:

  • ये टैटू कोहनी से कलाई तक के अंदरूनी हिस्से और हाथ के पिछले हिस्से पर ही मान्य होंगे।

टैटू की सामग्री

सेना की नीति में टैटू की सामग्री (कंटेंट) भी महत्वपूर्ण है। पारंपरिक, धार्मिक महत्व वाले टैटू, नाम या पारंपरिक चिन्ह और समुदाय की परंपरा से जुड़े टैटू बनवाए जा सकते हैं।

भारतीय सशस्त्र बलों में टैटू के विशेष नियम

तीनों सेनाओं में टैटू को लेकर कुछ विशिष्ट नियम हैं:

भारतीय नौसेना के लिए टैटू नियम

  • सामान्य उम्मीदवारों के लिए, स्थायी टैटू केवल कोहनी से कलाई की अंदरूनी सतह और हाथ के पिछले हिस्से पर ही मान्य हैं।
  • शरीर के बाकी हिस्सों पर बने टैटू मान्य नहीं हैं।
  • हालांकि, जनजातीय समुदायों को उनकी परंपरा के आधार पर विशेष रियायत मिल सकती है।

भारतीय वायुसेना में टैटू नियम

  • वायुसेना के भर्ती नियमों के अनुसार, आमतौर पर स्थायी टैटू की अनुमति नहीं है।
  • कुछ अपवाद हैं: कोहनी से कलाई की अंदरूनी सतह पर बने टैटू, हाथ के पिछले हिस्से पर बने टैटू और आदिवासी उम्मीदवारों के पारंपरिक टैटू मान्य हो सकते हैं।
  • लेकिन, टैटू को लेकर अंतिम निर्णय हमेशा भारतीय वायुसेना के चयन केंद्र (Selection Center) के पास होता है।

एक महत्वपूर्ण सलाह: यदि आपके शरीर पर पहले से कोई टैटू है और आप अग्निवीर, एनडीए, सीडीएस, या किसी अन्य सेना भर्ती की तैयारी कर रहे हैं, तो उसे छिपाने की बजाय भर्ती के दौरान सही जानकारी दें। हर भर्ती नोटिफिकेशन की टैटू पॉलिसी अलग एंट्री और सेवा के अनुसार बदल सकती है, लेकिन अंतिम निर्णय हमेशा मेडिकल बोर्ड या चयन अथॉरिटी का ही होता है।

अग्निवीरों के लिए आरक्षण और अन्य सुविधाएं: भविष्य सुरक्षित!

अग्निपथ योजना की शुरुआत के बाद, सरकार ने अग्निवीरों के भविष्य को सुरक्षित करने के लिए कई महत्वपूर्ण घोषणाएं की हैं। यह न केवल उनके सेवाकाल को सम्मानजनक बनाता है, बल्कि सेवा के बाद भी उनके लिए नए अवसर खोलता है।

दिल्ली सरकार का बड़ा फैसला: 20% आरक्षण

  • दिल्ली के उपराज्यपाल ने पूर्व अग्निवीरों को दिल्ली सरकार के फायर सर्विस और जेल विभाग में सीधी भर्ती के दौरान 20% आरक्षण देने का फैसला मंजूर किया है।
  • इस निर्णय से उन्हें स्थायी सरकारी नौकरी मिलेगी और भर्ती प्रक्रिया में उम्र सीमाशारीरिक दक्षता परीक्षा (PET) में भी विशेष छूट मिलेगी।

CAPF में 50% आरक्षण की घोषणा

  • केंद्र सरकार ने पूर्व अग्निवीरों के लिए केंद्रीय सशस्त्र पुलिस बलों (CAPFs) और असम राइफल्स में कॉन्स्टेबल (GD) और राइफलमैन (GD) के पदों पर 50% आरक्षण देने की घोषणा की है।
  • इसके तहत पूर्व अग्निवीरों को फिजिकल स्टैंडर्ड टेस्ट (PST), फिजिकल एफिशिएंसी टेस्ट (PET) और लिखित परीक्षा से भी छूट दी जाएगी, जिससे उनकी भर्ती प्रक्रिया और भी आसान हो जाएगी।

अन्य राज्य सरकारों की पहल

  • हरियाणा, उत्तराखंड, मध्य प्रदेश और उत्तर प्रदेश जैसी कई राज्य सरकारों ने भी अपनी पुलिस और अन्य सुरक्षा सेवाओं में अग्निवीरों के लिए विशेष आरक्षण और आयु सीमा में छूट की घोषणा की है।

ये सभी कदम अग्निवीरों के लिए एक उज्ज्वल भविष्य सुनिश्चित करते हैं, उन्हें देश सेवा के बाद भी सम्मानजनक रोजगार के अवसर प्रदान करते हैं। यदि आप अग्निवीर बनने का सपना देख रहे हैं, तो इन नियमों और सुविधाओं को जानना आपके लिए बेहद महत्वपूर्ण है।

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